मुंडा. लवन क्षेत्र का बरदा धान खरीदी केंद्र अब सवालों के घेरे में है। किसानों ने आरोप लगाया है कि केंद्र से करीब 600 बोरी धान रहस्यमयी तरीके से बाहर कर दिया गया। सबसे बड़ा सवाल यह उठ रहा है कि जब 1 मई को रिकॉर्ड में स्टॉक “शून्य” बताया गया, तो अगले ही दिन इतनी बड़ी मात्रा में धान आखिर आया कहाँ से?

किसानों का आरोप है कि बिना परिवहन परमिट के एक वाहन में धान भरकर केंद्र से बाहर ले जाया गया। मौके पर मौजूद लोगों ने जब चालक से परमिट मांगा, तो वह कोई दस्तावेज नहीं दिखा सका। इसके बाद पूरे इलाके में हड़कंप मच गया।
शिकायतकर्ताओं का कहना है कि खरीद के दौरान किसानों से “कटौती खेल” भी किया गया। 40 किलो 600 ग्राम की जगह 40 किलो 900 ग्राम से लेकर 41 किलो तक धान लिया गया। किसानों का आरोप है कि इसी अतिरिक्त धान को इकट्ठा कर बाद में “हेराफेरी” कर बाहर निकाला गया।
अब सवाल सिर्फ 600 बोरी का नहीं है… सवाल यह है कि क्या किसानों की मेहनत को सिस्टम मिलकर निगल रहा है?
किसानों ने जिला प्रशासन और सहकारी विभाग को शिकायत सौंपकर दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है। गांव में चर्चा तेज है कि अगर निष्पक्ष जांच हुई तो कई बड़े नाम सामने आ सकते हैं।


